जिंदगी के रंग
जिंदगी के रंग
अधूरा मन अधूरी बाते और अधूरा ख्वाब
अधर में अटकी समझ और ढेर सारे सवाल
उलझी जिंदगी उलझे रिश्ते और उलझा ये संसार
संकरी गली लंबे रास्ते थके हुए कदम फिलहाल
ढेर सारी जिम्मेदारी ढेर सारी तकलीफ और ढेर सा काम
भागते रहे उम्रभर पर दिल में रहा मलाल
गलत संगत गलत सोच और गलत हर एक काम
कैसे छलके ये क्यूँकि सब के खून का रंग है लाल
भटकती रूह भटकता इंसान और भटकती कायनात
उमीदों की इस दुनिया में हर कोई बुन रहा है जाल
रूकती सांसे रूकती हंसी और रुके हुए हम सब
छुपकर रह नहीं सकते क्यूंकि हम से बड़ा है काल
प्यारा बचपन प्यारी मुस्कराहट और सबकी प्यारी माँ
हम और हमारी इच्छाए और हमारा वही हाल
नयी आशाए नयी बातें और नयी जिंदगी की किरण
सबकुछ सही मन ले पर कोई ग़लतफ़हमी मत पाल
प्यारे रिश्ते प्यारा घर और प्यारा परिवार
यहीं हमारी जिंदगी है और यही हमारा ख्याल
हिम्मत से लड़ोंगे हिम्मत से करोंगे और हिम्मत दिखाओगे
तभी तुम बन पाओगे किसी की मिसाल
- वर्षा खेमानी (उलझी)
बहुत बढ़िया
जवाब देंहटाएंBahut sundar varsha keep it up,,👍
जवाब देंहटाएंबहुत ही बढ़िया वर्षा 👌 तुम्हारा एक नया रूप देखने को मिला 👍
जवाब देंहटाएंbadiya
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